मै चाहता हूँ
चर्च न लिखे हमारी भूगोल पुस्तिका
चर्च लिख दे शायद
धरती है चपटी
मै चाहता हु धरती रहे गोल हमेशा
घूम फिर कर मिलने की गुंजाईश रहती है बाकी......
कितना जानें कितना मानें ख़ुद को कितना पहचानें । कहाँ रेफ है सेफ़ कहाँ है बीता कितना बचा कहाँ है कितना कच्चा-सड़ा हुआ है मौत मौत है ज...
just amazing.......
ReplyDeletewonderful